Google Analytics —— Meta Pixel

खैरागढ़ : सामुदायिक बाड़ी व केंचुआ पालन से विचारपुर की महिलाओं ने कमाया 5.42 लाख, बदल रहा है जीवन

NEWSDESK
2 Min Read

खैरागढ़
नवगठित जिला खैरागढ़-छुईखदान-गंडई के विकासखण्ड के ग्राम विचारपुर की महिलाओं का सामुदायिक बाड़ी और केंचुआ पालन से जीवन स्तर सुधर रहा है। आज समूह की महिलाओं ने गांव में रहते हुए अपने आपको आत्मनिर्भर बनाया है। सामुदायिक बाड़ी और केंचुआ पालन क्षेत्र में हाथ आजमाते हुए इन महिलाओं ने सफलता की सीढ़ियां चढ़ना शुरू किया। आर्थिक आत्मनिर्भर बनने से उनके परिवार की आर्थिक स्थिति भी सुदृढ़ हुई है।

ग्राम पंचायत विचारपुर विकासखण्ड खैरागढ़ के जय मां दुर्गा स्व-सहायता समूह की महिलाओं ने रोजमर्रा के काम के साथ-साथ समूह का नियमित रूप से संचालन करते हुए अपने सभी दस्तावेजों का संधारण किया। नियमित बैठक भी आयोजित की गई। शुरूआती दिनों में छोटी-छोटी बचत करके जो पैसा जमा किया उस राशि को कम ब्याज पर जरूरतमंदों को देकर उनकी मदद की। इससे वे गांव में लोकप्रिय होने लगीं और धीरे-धीरे आर्थिक रुप से मजबूत होने लगी। उनके पास नियमित बचत के जरिये कुछ रकम जमा हुई तो उन्होंने केंचुआ पालन व्यवसाय करने का निर्णय लिया।  गांव के गोठान परिसर में समूह के लिए एक केंचुआ शेड का निर्माण किया गया। केंचुआ पालन व्यवसाय के साथ साथ जिमीकंद हल्दी अदरक,  पोषण वाटिका वर्मी वाश निर्माण रागी मिलेट से पौष्टिक आहार बनाने जैसे विभिन्न गतिविधियों की जा रही है।

समूह की मासिक आय लगभग 15,000 रू. है, वही मासिक व्यय राशि मात्र 2000 है। सदस्यों ने बताया कि अब तक समूह की कुल आय 5.42 लाख रू. हो चुकी है। ग्राम की नवदीप ग्राम संगठन के अंतर्गत महिला समूह का संकल्प है कि विभागीय शासकीय योजनाओं के सहयोग लेकर आय मूलक गतिविधियों जैसे केंचुआ पालन, वर्मीकम्पोस्ट, कड़कनाथ एवं देशी मुर्गीपालन, जिमीकंद, हल्दी, अदरक का पोषण वाटिका, वर्मी वाश निर्माण, रागी मिलेट से पौष्टिक आहार बनाने जैसे विभिन्न गतिविधियों से जुड़कर समूह का विस्तार के साथ ही आर्थिक एवं सामाजिक उन्नति की ओर बढ़ने संकल्पित है।

Share this Article