Google Analytics —— Meta Pixel

 दिल्ली के मछली और मांस बाजारों में छापेमारी हुई तेज

News Desk
3 Min Read

नई दिल्ली । मौजूदा वक्त में दिल्ली में मछली और मांस बाजारों में छापेमारी अभियान जोरों पर है। अधिकारियों ने शनिवार को बताया कि दिल्ली सरकार के खाद्य सुरक्षा विभाग ने मानदंडों और स्वच्छता मानकों का पालन सुनिश्चित कराने के लिए राष्ट्रीय राजधानी के मछली और मांस बाजारों में छापेमारी तेज कर दी है। विभाग के अधिकारी छापेमारी के दौरान मछली, चिकन और अन्य मांस उत्पादों के सेंपल जमा कर रहे हैं। नियमों के उल्लंघन पर नोटिस भी जारी कर रहे हैं। घटनाक्रम से अवगत अधिकारियों ने बताया कि मछली, चिकन और अन्य मांस उत्पादों के नमूने एकत्र करने और दुकानों का निरीक्षण करने के लिए इस हफ्ते की शुरुआत में एक विशेष अभियान चलाया गया। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीमों ने मंगोलपुरी, मोतीबाग में जैद बाजार, शाहदरा बाजार, शकरपुर में यमुना मछली और चिकन बाजार, चाणक्यपुरी, महिपालपुर और महरौली के मछली और चिकन बाजारों में छापेमारी अभियान चलाया। अधिकारियों के अनुसार, खाद्य सुरक्षा विभाग की टीमों ने विभिन्न बाजारों से नमूने जमा किए और बिना वैध भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण लाइसेंस के कारोबार चलाने के लिए दुकानों को नोटिस जारी किए। हाल ही में दिल्ली पुलिस ने आम आदमी पार्टी के विधायक जय भगवान उपकार के खिलाफ शाहबाद डेयरी में एक मीट हाउस की जांच के दौरान एमसीडी के एक अधिकारी के साथ कथित तौर पर मारपीट करने के आरोप में एफआईआर दर्ज की थी। एफआईआर के अनुसार, घटना उस समय हुई जब अधिकारी अपनी टीम के साथ शाहबाद डेयरी इलाके में अवैध बूचड़खानों पर छापा मारने गए थे। दिल्ली पुलिस के अनुसार, आरोप है कि विधायक ने एमसीडी कर्मचारी के साथ कथित तौर पर हाथापाई की और दुर्व्यवहार किया। एमसीडी अधिकारी ने इसको लेकर दिल्ली पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। एफआईआर में कहा गया है कि अधिकारियों ने दुकान मालिक गुल मोहम्मद से 2,500 रुपये प्रति बकरी के हिसाब से 37,500 रुपये का मुआवजा देने को कहा लेकिन उसने भुगतान करने से इनकार कर दिया। उसने अपने साथियों को बुलाकर एमसीडी टीम के खिलाफ धमकियां दीं।

Share this Article