Google Analytics —— Meta Pixel

कोविशील्ड की वजह से मौतों की…’ AAP नेता संजय सिंह की बड़ी मांग,बोले-मुआवजा भी दे कंपनी

NEWSDESK
3 Min Read

Corona Vaccine Controversy: आप नेता ने कहा कि इंडिया गठबंधन का सुयोग्य व्यक्ति सर्वसम्मति से प्रधानमंत्री का प्रत्याशी बनेगा. साथ ही इंडिया गठबंधन को बहुमत मिलने पर न्यूनतम साझा कार्यक्रम भी बनाया जाएगा.

कुरुक्षेत्र.  हरियाणा के कुरुक्षेत्र पहुंचे आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता संजय सिंह ने कहा कि ईवीएम की शिकायत को चुनाव आयोग को नजर अंदाज नहीं करना चाहिए. आप नेता ने कहा कि इंडिया गठबंधन का सुयोग्य व्यक्ति सर्वसम्मति से प्रधानमंत्री का प्रत्याशी बनेगा.

उधर संजय सिंह ने  कोरोना वैक्सीन कोविशील्ड की वजह से हो रही मौत की गहराई से जांच करने की मांग की और कहा कि पता चलना चाहिए कि इसके पीछे कौन लोग शामिल हैं. कंपनी के मालिकों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज होना चाहिए और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाए. संजय सिंह ने कह कि कोरोना वैक्सीन कोविशील्ड पर अब गंभीर परिणाम आ रहे हैं.

कुरुक्षेत्र में संजय सिंह ने कहा कि आज 25-30 साल का नौजवान चलते हुए गिर रहा है. यह सच है कि आज व्यक्ति मौत के आगोश में समा रहा है और आज इन लोगों की मौत कोविशील्ड के कारण हो रही है. इसके तथ्य भी सामने आ गए हैं. ऐसे में लोगों की मौत पर मुआवजा कंपनियों से वसूला जाना चाहिए.

कुरुक्षेत्र पहुंचे आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता संजय सिंह ने मीडिया से बातचीत में कहा कि ईवीएम की शिकायत को चुनाव आयोग को नजर अंदाज नहीं करना चाहिए. जहां भी इस बार यह शिकायत मिले उसे पर त्वरित कार्रवाई होनी चाहिए. आप नेता ने कहा कि इंडिया गठबंधन का सुयोग्य व्यक्ति सर्वसम्मति से प्रधानमंत्री का प्रत्याशी बनेगा. साथ ही इंडिया गठबंधन को बहुमत मिलने पर न्यूनतम साझा कार्यक्रम भी बनाया जाएगा. उनसे पूछने पर कि क्या यह गठबंधन विधानसभा चुनाव तक जारी रहेगा तो उन्होंने कहा कि समय पर उचित फैसला लिया जाएगा.

आप नेता संजय सिंह ने शराब घोटाले पर पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर द्वारा एसआईटी गठित करने पर कहा कि एसआईटी का मतलब ठंड बस्ता डालो योजना है. उन्होंने कहा कि हरियाणा में जहरीली शराब पीने से 52 लोगों की जान चली गई. शराब घोटाले ने सारे कीर्तिमान ध्वस्त कर दिए, लेकिन फिर भी कार्रवाई के नाम पर नतीजा सिफर है. ने कहा कि यदि भाजपा सत्तारूढ़ होती है तो यह देश का अंतिम चुनाव होगा. आरक्षण के साथ-साथ संविधान भी खतरे में पड़ जाएगा.

 

Share this Article